Logo
Court Book - India Code App - Play Store

advertisement

सुप्रीम कोर्ट ने मणिपुर हिंसा जांच पर स्पष्टता मांगी, फाइलिंग देरी माफ की और केंद्र व NIA को स्टेटस रिपोर्ट नोटिस जारी किया

Vivek G.

वनरामपानी एवं अन्य बनाम भारत संघ एवं अन्य, सुप्रीम कोर्ट ने मणिपुर हिंसा मामले में देरी माफ कर केंद्र और NIA को नोटिस जारी किया, 12 जनवरी 2026 तक जांच स्थिति रिपोर्ट मांगी।

सुप्रीम कोर्ट ने मणिपुर हिंसा जांच पर स्पष्टता मांगी, फाइलिंग देरी माफ की और केंद्र व NIA को स्टेटस रिपोर्ट नोटिस जारी किया

नई दिल्ली, 24 नवंबर - सोमवार को सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई कुछ ही मिनटों की रही, लेकिन कोर्ट नंबर 1 में माहौल गंभीर था। मणिपुर हिंसा से जुड़ी याचिका अंततः प्रक्रियागत अड़चनों को पार कर बेंच के सामने पहुंची, और पत्रकारों ने अदालत में एक तात्कालिकता महसूस की।

Read in English

वनरमपानी और अन्य की ओर से दायर यह याचिका पहले रिफाइलिंग में खामियों के कारण अटकी रही - अदालत की प्रक्रिया से अनभिज्ञ पक्षकारों के लिए यह आम लेकिन परेशान करने वाली बाधा है। याचिका मणिपुर हिंसा की जांच की प्रगति से संबंधित अपडेट मांगती है, जो वर्तमान में राष्ट्रीय जांच एजेंसी के पास है।

Read also: लगभग तीन साल जेल में रहने के बाद सुप्रीम कोर्ट ने आगरा के युवक को दी जमानत, इलाहाबाद हाईकोर्ट में लंबित

मुख्य न्यायाधीश की अगुवाई वाली तीन-न्यायाधीशों की बेंच ने बात को घुमा-फिराकर नहीं कहा। एक वकील ने कोर्ट रूम के बाहर बताया, “लोगों को चुप्पी नहीं, स्पष्ट जानकारी चाहिए।” वहीं एक अन्य ने याद किया, “बेंच ने कहा था, ‘हमें जानना है कि वास्तव में कितनी प्रगति हुई है।’”

अंततः कोर्ट ने देरी को माफ किया, केंद्र सरकार और NIA को नोटिस जारी करते हुए विशेष रूप से जांच की प्रगति बताने को कहा, और 12 जनवरी 2026 की तारीख जवाब के लिए तय की। साथ ही दस्ती सेवा की भी अनुमति दी गई।

Case Title: Vanrampani & Others vs Union of India & Another

Case No.: Writ Petition (Criminal) Diary No. 44574/2025

Case Type: Criminal Writ Petition

Decision Date: November 24, 2025

Advertisment

Recommended Posts