दाण्डिक निर्देशिका: जमानत/अग्रिम जमानत, अपील लंबित 389 आवेदन, 397 पुनरीक्षण, 125 भरण‑पोषण, 145, 205, 320, 107/116, हैबियस कॉर्पस आदि के 31 हिंदी ड्राफ्ट्स.
Quick Overview
FAQs
इस ‘दाण्डिक’ पेज पर क्या‑क्या दस्तावेज उपलब्ध हैं?
जमानत/अग्रिम जमानत, अपील लंबित 389 आवेदन, 397 पुनरीक्षण, 125 भरण‑पोषण, 145/205/320/107/116 के आवेदन, बंदी प्रत्यक्षीकरण, बॉन्ड फॉर्म, तलाशी/जप्त वस्तु वापसी याचिकाएँ और आपराधिक अपील/परिवाद के ड्राफ्ट.
धारा 389 दप्रसं के तहत क्या मांगा जाता है?
सजा के निलंबन और अपील लंबित रहने तक जमानत. आवेदन में दोषसिद्धि आदेश, अपील दायर होने की स्थिति, सजा/अवधि, जमानत के आधार और रिकॉर्ड/आचरण दर्शाएँ.
अग्रिम जमानत (धारा 438) आवेदन में क्या प्रमुख बिंदु हों?
एफआईआर/धारा, गिरफ्तारी आशंका, सहयोग का आश्वासन, स्थायी पता/जड़ें, पूर्व आपराधिक इतिहास का अभाव, और शर्तें स्वीकार करने की तत्परता.
धारा 397 पुनरीक्षण कब दायर करें?
आपराधिक अदालत के अंतरिम/अंतिम आदेश में कानूनी त्रुटि/क्षेत्राधिकार दोष/सामग्री की अवहेलना हो. 397/401 के तहत उच्चतर अदालत से रिकॉर्ड मंगाकर परीक्षण का अनुरोध करें.
धारा 125 भरण‑पोषण आवेदन में क्या शामिल करें?
वैवाहिक/रिश्ते का आधार, परित्याग/परित्याग के कारण, आय‑व्यय विवरण, आश्रितों की जानकारी, और अंतरिम/अंतिम भरण‑पोषण की स्पष्ट मांग.
धारा 145 कार्यवाही से संबंधित ड्राफ्ट का उपयोग कब करें?
भूमि/स्थावर संपत्ति पर शांति‑भंग की आशंका और कब्जे के तात्कालिक विवाद में. आवेदन/लिखित कथन में कब्जे की वास्तविक स्थिति और दस्तावेज संलग्न करें.
धारा 205 के तहत व्यक्तिगत उपस्थिति से छूट कैसे मांगे?
अभियुक्त के स्थायी निवास/स्वास्थ्य/व्यावहारिक कठिनाइयों का विवरण देकर अधिवक्ता के माध्यम से उपस्थिति की अनुमति और आवश्यक तिथियों पर उपस्थिति का आश्वासन दें.
धारा 320 कंपाउंडिंग याचिका में किन अपराधों का समझौता संभव है?
अनुसूचीबद्ध compoundable अपराध (कुछ बिना अनुमति, कुछ न्यायालय की अनुमति से). पक्षों का समझौता पत्र और पहचान/सहमति शपथपत्र संलग्न करें.
जप्त वस्तु वापसी (सुपुर्दगी) हेतु आवेदन में क्या दें?
जप्ति का विवरण, स्वामित्व/कब्जे का प्रमाण, आपराधिक प्रक्रिया की अवस्था, ट्रायल तक सुरक्षित सुपुर्दगी/इंटरिम रिलीज़ का अनुरोध और उपयुक्त शर्तें स्वीकार करना.
बॉन्ड/जमानत फॉर्म भरते समय क्या सावधानियाँ रखें?
सही नाम/पता, राशि, श्योरिटी का आय/संपत्ति विवरण, केस व धारा, शर्तें, और हस्ताक्षर/फोटो/पहचान संलग्न. कोर्ट के फॉर्मेट और स्थानीय नियमों का पालन करें.