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स्टिंग ऑपरेशन मामले में पत्रकार राजनी को मध्य प्रदेश हाई कोर्ट से जमानत, FIR से पहले अधिकारियों को भेजे गए थे वीडियो

Zaved Khan
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मध्य प्रदेश हाई कोर्ट ने पत्रकार राजनी को जमानत देते हुए कहा कि स्टिंग ऑपरेशन के वीडियो एफआईआर दर्ज होने से पहले ही संबंधित सरकारी अधिकारियों को भेजे जा चुके थे। - Rajni v. State of Madhya Pradesh

स्टिंग ऑपरेशन मामले में पत्रकार राजनी को मध्य प्रदेश हाई कोर्ट से जमानत, FIR से पहले अधिकारियों को भेजे गए थे वीडियो

मध्य प्रदेश हाई कोर्ट ने पत्रकार राजनी को नियमित जमानत देते हुए कहा कि कथित स्टिंग ऑपरेशन के वीडियो एफआईआर दर्ज होने से पहले ही राज्य के वरिष्ठ अधिकारियों को भेजे जा चुके थे। अदालत ने यह भी स्पष्ट किया कि वह मामले के गुण-दोष पर कोई टिप्पणी नहीं कर रही है।

मामले की पृष्ठभूमि

राजनी, जो एक डिजिटल न्यूज़ प्लेटफ़ॉर्म से जुड़ी हैं, को देवास के कोतवाली थाना में दर्ज अपराध क्रमांक 204/2026 में गिरफ्तार किया गया था। उनके खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया। बचाव पक्ष ने अदालत को बताया कि पत्रकार ने कथित रूप से अवैध भ्रूण लिंग जांच, गैरकानूनी गर्भपात और कन्या भ्रूण हत्या से जुड़े मामलों का स्टिंग ऑपरेशन किया था। इसके वीडियो स्वास्थ्य आयुक्त, राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग (NHRC), पुलिस महानिदेशक तथा मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी को एफआईआर दर्ज होने से पहले ही भेज दिए गए थे।

अदालत की टिप्पणी

न्यायमूर्ति पवन कुमार द्विवेदी ने रिकॉर्ड का अवलोकन करते हुए कहा कि स्टिंग ऑपरेशन से संबंधित वीडियो 6 और 7 अप्रैल 2026 को संबंधित अधिकारियों को भेजे जा चुके थे, जबकि उसके बाद एफआईआर दर्ज की गई।

पीठ ने कहा,

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"मामले के गुण-दोष पर कोई टिप्पणी किए बिना"

उपलब्ध परिस्थितियों को देखते हुए आवेदिका को जमानत दिए जाने का आधार बनता है।

अदालत का फैसला

हाई कोर्ट ने जमानत आवेदन स्वीकार करते हुए राजनी को एक लाख रुपये के निजी मुचलके और समान राशि के एक सक्षम जमानतदार पर रिहा करने का निर्देश दिया। अदालत ने यह भी कहा कि आवेदिका को ट्रायल के दौरान नियमित रूप से अदालत में उपस्थित रहना होगा और जमानत की सभी शर्तों का पालन करना होगा। किसी भी शर्त के उल्लंघन की स्थिति में जमानत निरस्त करने के लिए विधि अनुसार कार्रवाई की जा सकती है।

Case Details:

Case Title: Rajni v. State of Madhya Pradesh

Case Number: MCRC No. 26708 of 2026

Judge: Justice Pavan Kumar Dwivedi

Decision Date: 25 June 2026

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